Manipur news: उखरुल में हिंसा, कई घर जलाए गए, 5 दिन के लिए इंटरनेट बंद
उखरुल जिले के लिटान सारेइखोंग इलाके में गोलीबारी और आगजनी, हालात तनावपूर्ण हिंसा के बाद पूरे जिले में कर्फ्यू, 5 दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद अब तक 21 मकान जलने की पुष्टि, सैकड़ों लोग सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन

Manipur news: मणिपुर के उखरुल जिले में एक बार फिर हालात बिगड़ गए हैं। हथियारबंद उग्रवादियों ने कई घरों में आग लगा दी और गोलीबारी की, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। यह हिंसा तांगखुल नगा समुदाय के एक सदस्य पर हुए हमले के बाद बढ़े तनाव के बीच हुई। स्थिति को काबू में रखने के लिए राज्य सरकार ने उखरुल जिले में 5 दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं सस्पेंड कर दी हैं। प्रशासन का कहना है कि यह फैसला अफवाहों और आगे की हिंसा को रोकने के लिए एहतियातन लिया गया है।
पूरे जिले में कर्फ्यू, सुरक्षा बढ़ाई गई
पुलिस के मुताबिक, लिटान सारेइखोंग इलाके में गोलीबारी और आगजनी की घटना उस पाबंदी के एक दिन बाद हुई, जो दो तांगखुल नगा संगठनों ने उखरुल और कामजोंग जिलों में कुकी समुदाय की आवाजाही पर लगाई थी। हालात बिगड़ते देख प्रशासन ने पूरे जिले में कर्फ्यू लागू कर दिया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि सशस्त्र लोगों ने खाली पड़े कई मकानों को निशाना बनाया और अंधाधुंध फायरिंग की। फिलहाल सुरक्षा बल इलाके में तैनात हैं और स्थिति पर काबू पाने की कोशिश कर रहे हैं। सरकार ने उखरुल जिले के राजस्व क्षेत्र में ब्रॉडबैंड, VPN और VSAT से चलने वाली इंटरनेट सेवाएं भी अस्थायी रूप से बंद कर दी हैं।
स्थानीय लोग नाराज, सुरक्षाबलों पर उठे सवाल
हिंसा के बाद अपने घर छोड़कर भाग रहे स्थानीय लोगों ने सुरक्षाबलों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि गोलीबारी रोकने में सुरक्षा एजेंसियां नाकाम रहीं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में पहाड़ी इलाके से उठता घना धुआं साफ देखा जा सकता है।
21 मकान जल चुके, सैकड़ों लोग पलायन को मजबूर
पिछले दो दिनों से लिटान सारेइखोंग और आसपास के कुकी बहुल गांवों से महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों सहित सैकड़ों लोग सुरक्षित इलाकों की ओर पलायन कर रहे हैं। कई परिवारों ने कुकी बहुल कांगपोकपी जिले के मोटबुंग और सैकुल के कुछ इलाकों में शरण ली है। मणिपुर के मंत्री गोविंदास कोंथौजाम ने बताया कि अब तक कम से कम 21 मकान जलाए जा चुके हैं और हालात अभी भी पूरी तरह सामान्य नहीं हुए हैं। स्थिति संभालने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।



