Iran crisis: परमाणु तनाव के बीच भूकंप, मैक्रों का बड़ा ऐलान; क्या दुनिया फिर परमाणु होड़ की ओर?
ईरान में 4.3 तीव्रता का भूकंप, परमाणु परीक्षण की अटकलें तेज मैक्रों ने बढ़ाएंगे फ्रांस के परमाणु हथियार, संख्या नहीं बताएंगे मिडिल ईस्ट तनाव के बीच दुनिया में फिर परमाणु होड़ की आशंका

Iran crisis: अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच आज ईरान में 4.3 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया। भूकंप के बाद कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। कुछ लोगों ने सवाल उठाया कि क्या यह किसी परमाणु परीक्षण से जुड़ा हो सकता है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इस बीच वैश्विक स्तर पर एक बार फिर परमाणु हथियारों को लेकर बहस तेज होती दिख रही है।
मैक्रों का बड़ा ऐलान
Emmanuel Macron ने परमाणु नीति को लेकर बड़ा फैसला लिया है। फ्रांस के राष्ट्रपति ने कहा है कि उनका देश अपने परमाणु हथियारों के जखीरे को बढ़ाएगा। मैक्रों ने साफ किया कि फ्रांस अपने परमाणु बेड़े को मजबूत करेगा, लेकिन हथियारों की कुल संख्या सार्वजनिक नहीं की जाएगी। करीब तीन दशक बाद फ्रांस की इस नीति में बदलाव को लेकर सवाल उठ रहे हैं कि आखिर अब इसकी जरूरत क्यों पड़ी।
सहयोगी देशों के लिए नई परमाणु पॉलिसी
मैक्रों ने कहा कि यूरोप की सुरक्षा और रणनीतिक स्वतंत्रता को मजबूत करने के लिए फ्रांस अपने परमाणु-सशस्त्र विमानों की अस्थायी तैनाती सहयोगी देशों में कर सकता है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का अंतिम फैसला केवल फ्रांस का होगा, इसमें किसी दूसरे देश की साझेदारी नहीं होगी।
फ्रांस के पास कितने परमाणु हथियार
जानकारी के मुताबिक, फिलहाल फ्रांस के पास 300 से कम परमाणु हथियार हैं। अब सरकार इन्हें बढ़ाने की तैयारी में है, लेकिन कितनी बढ़ोतरी होगी, इस पर कोई आधिकारिक आंकड़ा सामने नहीं आया है। फ्रांस ने इस मुद्दे पर ब्रिटेन, जर्मनी, पोलैंड, नीदरलैंड, बेल्जियम, ग्रीस, स्वीडन और डेनमार्क जैसे देशों से बातचीत भी शुरू कर दी है। मौजूदा हालात में साफ है कि मिडिल ईस्ट के तनाव का असर अब यूरोप की सुरक्षा नीतियों पर भी दिखाई देने लगा है। दुनिया एक बार फिर परमाणु संतुलन और हथियारों की होड़ को लेकर चिंतित नजर आ रही है।



