America-Iran Tensions: बढ़ते तनाव के बीच ईरान पर हमले की आशंका, कई देशों ने नागरिकों को दी देश छोड़ने की सलाह
अमेरिका-ईरान तनाव के बीच हमले की आशंका कई देशों ने नागरिकों को छोड़ने की दी सलाह मध्य पूर्व में बढ़ाई गई सैन्य मौजूदगी

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। हालात ऐसे बनते दिख रहे हैं कि आने वाले समय में ईरान पर सैन्य कार्रवाई की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका और इजरायल की सेनाएं संयुक्त रूप से किसी बड़े अभियान में शामिल हो सकती हैं। बिगड़ते हालात को देखते हुए कई देशों ने अपने नागरिकों को ईरान छोड़ने की सलाह देना शुरू कर दिया है।
पोलैंड ने नागरिकों को तुरंत निकलने की दी सलाह
इसी बीच डोनाल्ड टस्क ने ईरान में रह रहे पोलिश नागरिकों से तुरंत देश छोड़ने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि मौजूदा हालात को देखते हुए यदि संघर्ष शुरू होता है तो कुछ ही घंटों में सुरक्षित निकलना संभव नहीं होगा। उन्होंने अपने नागरिकों से साफ कहा है कि वे किसी भी परिस्थिति में ईरान की यात्रा करने से बचें।
ईरान ने अपनाया सख्त रुख
तनाव के बीच ईरान ने अपने परमाणु कार्यक्रम को लेकर सख्त रुख अपनाया है। ईरान के एटॉमिक एनर्जी संगठन के प्रमुख मोहम्मद इस्लामी ने कहा है कि कोई भी देश इस्लामिक रिपब्लिक को न्यूक्लियर एनरिचमेंट के अधिकार से वंचित नहीं कर सकता। उनका कहना है कि ईरान का परमाणु कार्यक्रम इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी के नियमों के अनुरूप चल रहा है और इसका उद्देश्य शांतिपूर्ण उपयोग है।
ट्रंप के बयान से बढ़ी हलचल
इस बीच अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर ईरान पर संभावित हमले का संकेत दिया है। अमेरिका लगातार ईरान से जीरो एनरिचमेंट की मांग कर रहा है। वहीं पश्चिमी देश ईरान पर परमाणु हथियार विकसित करने की कोशिश का आरोप लगाते रहे हैं, हालांकि तेहरान इन आरोपों से इनकार करता है।
अमेरिका ने बढ़ाई सैन्य मौजूदगी
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने अपनी सैन्य ताकत भी बढ़ा दी है। अमेरिका ने गल्फ क्षेत्र में एयरक्राफ्ट कैरियर तैनात किए हैं, वहीं इजरायल ने भी अपनी सेनाओं को अलर्ट पर रखा है। दोनों देशों के बीच अप्रत्यक्ष बातचीत जारी है, लेकिन क्षेत्र में हालात लगातार तनावपूर्ण बने हुए हैं।



