Iran crisis: दुबई में फंसे पुणे के 84 छात्र, सभी सुरक्षित
दुबई में फंसे पुणे के 84 छात्र, सभी सुरक्षित बताए गए विदेश मंत्रालय और सिविल एविएशन मंत्रालय वापसी की कोशिश में जुटे ईरान के जवाबी हमलों से मिडिल ईस्ट में बढ़ा तनाव

Iran news: पुणे के एक प्रतिष्ठित स्कूल के 84 लोग इस समय दुबई में फंसे हुए हैं। इनमें 80 छात्र और 4 शिक्षक शामिल हैं। राहत की बात यह है कि सभी छात्र सुरक्षित बताए जा रहे हैं। ये छात्र “स्टडी विजिट” पर दुबई गए थे। स्कूल प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं। विदेश मंत्रालय और सिविल एविएशन मंत्रालय मिलकर इन छात्रों को जल्द से जल्द भारत वापस लाने की कोशिश कर रहे हैं।
दुबई पर हमले की वजह क्या है?
ईरान का दुबई या यूएई से सीधे तौर पर कोई बड़ा विवाद नहीं है। लेकिन हालात तब बिगड़ गए जब 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर बड़े पैमाने पर हमले किए। इन हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर Ayatollah Ali Khamenei की मौत हो गई। तेहरान समेत कई इलाकों में भारी नुकसान हुआ। इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई शुरू की। उसने इजरायल पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए और मिडिल ईस्ट में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाना शुरू किया।
अमेरिकी ठिकानों को बना रहा है निशाना
यूएई में अमेरिका के कई अहम सैन्य अड्डे मौजूद हैं, जिनमें Al Dhafra Air Base भी शामिल है। ईरान इन ठिकानों को अमेरिकी संपत्ति मानकर निशाना बना रहा है। यूएई रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, ईरान ने 137 बैलिस्टिक मिसाइलें और 209 ड्रोन दागे, जिनमें से ज्यादातर को हवा में ही मार गिराया गया। हालांकि कुछ मिसाइलों और ड्रोन के मलबे के गिरने से दुबई में धमाके हुए और नुकसान की खबरें सामने आईं।
कई अन्य देशों में भी हमले
ईरान ने कतर, बहरीन, कुवैत और जॉर्डन जैसे देशों में भी हमले किए हैं। इन देशों में भी अमेरिकी सैन्य मौजूदगी है। साफ है कि ईरान सीधे इन देशों से लड़ाई नहीं कर रहा, बल्कि अमेरिकी सहयोगियों पर दबाव बनाने की रणनीति अपना रहा है। फिलहाल मिडिल ईस्ट में हालात बेहद तनावपूर्ण हैं। आम लोग डरे हुए हैं और यह साफ नहीं है कि यह टकराव कब तक चलेगा।



