मोगा में ‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ का बिगुल, केजरीवाल-मान ने दिलाई नशा मुक्त पंजाब की शपथ
मोगा में ‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ शपथ समारोह केजरीवाल और भगवंत मान का नशा तस्करों पर सीधा वार हर पिंड में VDC बनाकर नशा मुक्त पंजाब का संकल्प

अरविंद केजरीवाल और भगवंत सिंह मान ने मोगा के किल्ली चहलां गांव में ‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ अभियान के तहत आयोजित विलेज डिफेंस कमेटी (VDC) के शपथ समारोह में हजारों लोगों को संबोधित किया। इस दौरान दोनों नेताओं ने नशा तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का संदेश दिया। केजरीवाल ने कहा कि अकाली दल, भाजपा और कांग्रेस की सरकारों ने पंजाब को नशे में धकेला, जबकि आम आदमी पार्टी की सरकार नशा मुक्त पंजाब बनाने के लिए निर्णायक लड़ाई लड़ रही है। समारोह में सीएम भगवंत मान ने तबीयत खराब होने के बावजूद पहुंचकर लोगों को नशा मुक्त पंजाब बनाने की शपथ दिलाई।
‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ अभियान का एक साल
केजरीवाल ने बताया कि एक साल पहले 1 मार्च को मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में यह अभियान शुरू किया गया था। शुरुआत में लोगों को भरोसा कम था, क्योंकि पिछली सरकारों में बड़े दावे होते थे लेकिन कार्रवाई नहीं दिखती थी। उन्होंने दावा किया कि पिछले एक साल में 2,000 किलो से अधिक नशा पकड़ा गया, बड़े तस्करों को गिरफ्तार किया गया और अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर चलाए गए।
हर पिंड और वार्ड में बनेंगी विलेज डिफेंस कमेटियां
केजरीवाल ने कहा कि अब पूरे पंजाब के हर गांव और वार्ड में VDC बनाई जा रही हैं। इन कमेटियों में रिटायर्ड शिक्षक, पूर्व सैनिक, युवा और सरपंच जैसे सम्मानित लोगों को शामिल किया जा रहा है। कमेटी का पहला काम नशा बेचने और खरीदने वालों की जानकारी देना है।
पहचान गुप्त रखने के लिए ऐप की व्यवस्था
लोगों के मन में डर को खत्म करने के लिए पंजाब सरकार ने एक विशेष ऐप तैयार किया है। VDC के सदस्यों के फोन में यह ऐप उपलब्ध है, जिसके जरिए दी गई जानकारी पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। केजरीवाल ने कहा कि ऐप पर दी गई सूचना सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंचती है और उस पर तुरंत कार्रवाई होती है।
इलाज और पुनर्वास पर भी जोर
कमेटियों को यह जिम्मेदारी भी दी गई है कि वे नशे से पीड़ित लोगों को इलाज के लिए नशा मुक्ति केंद्र तक पहुंचाएं। सरकार ने नशा मुक्ति केंद्रों में दवाइयों और काउंसलरों की व्यवस्था की है, ताकि प्रभावित युवा सामान्य जीवन में लौट सकें।
खेल मैदान और रोजगार पर फोकस
केजरीवाल ने बताया कि हर गांव में आधुनिक खेल मैदान बनाए जा रहे हैं, जहां क्रिकेट, वॉलीबॉल और फुटबॉल जैसी गतिविधियां होंगी। उनका कहना था कि युवाओं को खेल और रोजगार की ओर मोड़ना जरूरी है। सरकार अब तक 60 हजार से अधिक सरकारी नौकरियां बिना रिश्वत और सिफारिश के देने का दावा कर चुकी है।
विरोधियों पर निशाना
केजरीवाल ने कहा कि लोगों को घर-घर जाकर बताना होगा कि किन पार्टियों ने पंजाब को नशे में डुबोया। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों ने पंजाब की जवानी और भविष्य को नुकसान पहुंचाया।
स्कूलों पर फोकस और जागरूकता अभियान
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि नशे के खिलाफ दूसरे चरण में स्कूलों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। शिक्षकों और काउंसलरों के माध्यम से अभिभावकों को जागरूक किया जाएगा, ताकि बच्चे गलत संगत में न पड़ें। उन्होंने दावा किया कि राज्य में 63 हजार सरकारी नौकरियां दी गई हैं और युवाओं को अब पंजाब में ही रोजगार मिल रहा है।
स्वास्थ्य योजना और सख्त कार्रवाई
भगवंत मान ने 10 लाख रुपये तक मुफ्त इलाज वाली मुख्यमंत्री सेहत योजना का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार इलाज का पूरा खर्च उठाएगी। उन्होंने दोहराया कि नशा तस्करों की संपत्तियां जब्त की जा रही हैं और अवैध निर्माण ढहाए जा रहे हैं। अंत में दोनों नेताओं ने कहा कि सरकार का लक्ष्य पंजाब को ‘रंगला पंजाब’ और पूरी तरह नशा मुक्त राज्य बनाना है।



