ईरान ने मांगी सीजफायर की गुहार? ट्रंप का बड़ा दावा
ईरान पर ट्रंप का बड़ा दावा, सीजफायर की अपील का किया जिक्र होर्मुज स्ट्रेट खोलने की शर्त पर अड़ा अमेरिका ईरान ने बार-बार ट्रंप के दावों को किया खारिज

Iran crisis: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने एक बार फिर बड़ा और विवादित बयान देकर हलचल मचा दी है। ट्रंप का दावा है कि ईरान के नए और “कम कट्टर” राष्ट्रपति ने अमेरिका से युद्धविराम की अपील की है। हालांकि उन्होंने साफ कर दिया कि अमेरिका किसी भी तरह की बातचीत तभी करेगा, जब Strait of Hormuz पूरी तरह खुला और सुरक्षित होगा।
Iran crisis: ‘शर्तें नहीं मानीं तो ईरान को भारी नुकसान’
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करते हुए कहा कि अमेरिका की शर्तें बिल्कुल स्पष्ट हैं और उनमें कोई बदलाव नहीं होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट को नहीं खोला, तो अमेरिका कड़े कदम उठाने से पीछे नहीं हटेगा। ट्रंप ने यहां तक कहा कि जरूरत पड़ी तो ईरान को “पाषाण युग” में धकेलने जैसी कार्रवाई भी की जा सकती है।
बार-बार दोहराए जा रहे दावे, ईरान का इनकार
Iran crisis: गौर करने वाली बात ये है कि ट्रंप इससे पहले भी कई बार दावा कर चुके हैं कि ईरान युद्धविराम के लिए आगे आ रहा है। 31 मार्च: ट्रंप ने कहा कि ईरान का नया नेतृत्व बातचीत के लिए तैयार है और युद्ध जल्द खत्म हो सकता है। 26 मार्च: उन्होंने दावा किया कि ईरान के अनुरोध पर अमेरिका ने कुछ समय के लिए हमले रोके। 23 मार्च: ट्रंप ने “प्रोडक्टिव बातचीत” होने की बात कही। 5 मार्च: युद्ध की शुरुआत में ही उन्होंने कहा था कि ईरान बातचीत चाहता है, लेकिन देर हो चुकी है। हालांकि हर बार ईरान ने इन दावों को सिरे से खारिज किया है और कहा है कि ऐसी कोई बातचीत या अपील नहीं की गई है। ऐसे में ट्रंप के बयानों और जमीनी हकीकत के बीच बड़ा अंतर नजर आ रहा है।



