अक्षय तृतीया 2026: सोना-चांदी में जबरदस्त तेजी, निवेश से मिल सकता है बड़ा फायदा
सोना-चांदी में अक्षय तृतीया से पहले बड़ी तेजी एक साल में निवेशकों को मिला जबरदस्त रिटर्न एक्सपर्ट बोले अभी और बढ़ सकते हैं दाम

Buisness: अक्षय तृतीया का पावन पर्व इस साल 19 अप्रैल को मनाया जाएगा और हर साल की तरह इस बार भी सोने-चांदी की खरीदारी को लेकर बाजार में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। खास बात यह है कि इस बार कीमतों में पिछले साल के मुकाबले बड़ी तेजी आई है, जिससे निवेशकों को शानदार रिटर्न मिला है।
अक्षय तृतीया से पहले सोना-चांदी के ताजा भाव
अक्षय तृतीया से ठीक पहले मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज यानी Multi Commodity Exchange of India (MCX) पर सोना 1,54,605 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा है, जिसमें 1,453 रुपये की तेजी देखी गई है। वहीं चांदी 937 रुपये चढ़कर 2,58,079 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई है। अगर लोकल बाजार की बात करें तो दिल्ली में 24 कैरेट सोने का भाव करीब 1,55,600 रुपये प्रति 10 ग्राम है, जबकि चांदी 2,65,000 रुपये प्रति किलो के आसपास बिक रही है।
Buisness: पिछले साल से तुलना करें तो चौंकाने वाला उछाल
पिछले साल अक्षय तृतीया के समय सोना करीब 97,910 रुपये प्रति 10 ग्राम था, यानी इस साल इसमें लगभग 56% की तेजी आई है।
वहीं चांदी ने तो और भी शानदार प्रदर्शन किया है। एक साल में इसमें 155% से ज्यादा का रिटर्न देखने को मिला है, जिसका बड़ा कारण इंडस्ट्रियल डिमांड और निवेशकों की बढ़ती रुचि है।
Buisness: आगे क्या कहते हैं एक्सपर्ट?
विशेषज्ञों का मानना है कि कीमतें ऊंचे स्तर पर होने के बावजूद इस बार भी सोने-चांदी की डिमांड मजबूत बनी रहेगी। मिडिल ईस्ट में तनाव, डॉलर में उतार-चढ़ाव और Reserve Bank of India (RBI) की लगातार खरीदारी जैसे फैक्टर बाजार को सपोर्ट दे रहे हैं।
अनुमान है कि आने वाले समय में सोना 1,70,000 से 1,85,000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक जा सकता है, जबकि चांदी 3,50,000 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच सकती है।
निवेशकों के लिए जरूरी सलाह
Buisness: एक्सपर्ट्स का कहना है कि एकमुश्त बड़ी रकम लगाने के बजाय SIP या छोटी-छोटी किश्तों में निवेश करना ज्यादा सुरक्षित रहेगा। इससे बाजार के उतार-चढ़ाव का असर कम होगा। चांदी में मिड टर्म में बड़ी तेजी की संभावना है, लेकिन इसमें उतार-चढ़ाव भी ज्यादा रहेगा, इसलिए सोच-समझकर निवेश करना जरूरी है।
यह भी पढ़ें: होर्मुज में फिर बढ़ा तनाव: ईरानी गनबोट्स की फायरिंग, जहाजों पर कड़ी पाबंदी



