यूपी में गिरफ्तार रीलबाज लड़कियां, ड्रोन चोर की अफवाह फैलाई.. योगी ने कहा – “दहशत फैलाने वालों पर NSA लगेगा”

मेरठ में सोशल मीडिया के ज़रिए फैलाई गई ड्रोन चोर की अफवाह ने नया मोड़ ले लिया है। पुलिस ने इस मामले में दो महिला यूट्यूबर्स को गिरफ्तार किया है। दोनों युवतियों पर रात में ड्रोन चोर के वीडियो बनाकर अफवाह फैलाने का आरोप है। हालांकि, पुलिस ने उन्हें थाने से ही जमानत दे दी। प्रशासन अब सोशल मीडिया पर झूठी सूचनाओं को लेकर सख्त हो गया है।
वीडियो में दावा: “ड्रोन चोर पकड़ में आने वाला है”
5 अगस्त की रात को meerut_twins_454 नाम के इंस्टाग्राम अकाउंट से एक वीडियो अपलोड किया गया, जिसमें युवती कह रही है—”गाइज, रात के 3 बज रहे हैं और हमें मिल चुका है ड्रोन चोर। लोग उसके पीछे भाग रहे हैं। हम लोग उसे पकड़कर आपके हवाले करेंगे।” वीडियो के अंत में ‘जागते रहो…’ गाना भी चलाया गया, जिससे यह वीडियो और भी सनसनीखेज लगने लगा।
लायबा और मीनाक्षी: सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर बनी अफवाहबाज़
आरोपी युवती लायबा, जो रसीद नगर निवासी है, एमएससी की छात्रा है और ब्यूटी पार्लर चलाती है। उसका इंस्टाग्राम अकाउंट meerut_twins_454 है, जिस पर 74.1K फॉलोअर्स हैं। वहीं, दूसरी युवती मीनाक्षी, जो सरस्वती लोक की निवासी है, शॉर्ट फिल्मों की अभिनेत्री है और इंस्टाग्राम पर meenakshi_ranveer के नाम से एक्टिव है।
गणेशपुरी पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
गणेशपुरी चौकी इंचार्ज हिमांशु भारद्वाज ने ब्रह्मपुरी थाने में तहरीर देकर FIR दर्ज कराई। धारा 353(1) BNS और IT Act 66D के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। आरोप है कि वायरल वीडियो के ज़रिए खत्ता रोड पर ड्रोन से जुड़ी अफवाह फैलाई गई, जिससे जनता में भय का माहौल बन गया।
पुलिस करेगी सोशल अकाउंट्स ब्लॉक
पुलिस अब इन आरोपियों के इंस्टाग्राम और यूट्यूब अकाउंट्स को ब्लॉक कराने के लिए Facebook और YouTube को मेल भेजेगी। SSP डॉ. विपिन ताडा ने बताया कि आरोपियों पर भारतीय दंड संहिता की धारा 351 BNS के तहत कार्रवाई की जा रही है, जिसमें दोषी पाए जाने पर दो साल तक की कैद हो सकती है।
परिवार का बचाव: ‘लायबा मेरठ में नहीं है’
लायबा के भाई ने मीडिया से कहा कि “हमारी बहन ने कुछ नहीं किया, उस पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं।” उन्होंने यह भी दावा किया कि लायबा फिलहाल मेरठ में मौजूद नहीं है और अफवाहें बेबुनियाद हैं।
26 मुकदमे दर्ज, 35 से अधिक गिरफ्तारियां
SSP ताडा ने जानकारी दी कि अब तक ड्रोन अफवाह से जुड़े मामलों में 26 मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं और 35 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि ड्रोन उड़ने की कोई पुष्ट घटना सामने नहीं आई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी 3 अगस्त को निर्देश दिए थे कि अफवाह फैलाने वालों पर गैंगस्टर एक्ट और जरूरत पड़ने पर NSA लगाया जाए।
सीएम योगी: “बिना अनुमति ड्रोन संचालन पूरी तरह दंडनीय”
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया था कि बिना अनुमति ड्रोन उड़ाना कानूनन अपराध है। इसके लिए राज्य में ड्रोन नीति बनाई गई है। उन्होंने प्रमुख सचिव गृह और पुलिस महानिदेशक को सभी जिलों में ड्रोन संचालन की समीक्षा कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
सोशल मीडिया पर झूठी कहानियों की अब खैर नहीं
मेरठ की घटना इस बात का संकेत है कि सोशल मीडिया के ज़रिए अफवाह फैलाने वालों पर अब प्रशासन कड़ी निगरानी कर रहा है। जहां एक ओर यह मामला एक ‘कॉमिक वीडियो’ के तौर पर दिखाया गया, वहीं पुलिस और सरकार इसे जनता की सुरक्षा से खिलवाड़ मान रही है।



