Video: मंच से ये क्या कह गए CM Yogi – “‘ग से गधा’ पढ़ाते-पढ़ाते, सपाइयों की बुद्धि भी गधों जैसे”

उत्तर प्रदेश की राजनीति एक बार फिर गर्मा गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी की तथाकथित ‘PDA पाठशाला’ पर करारा हमला बोला है। मुरादाबाद में अटल आवासीय विद्यालय के उद्घाटन के दौरान सीएम योगी ने कहा कि सपा बच्चों को ‘ग से गणेश’ नहीं, ‘ग से गधा’ पढ़ाती है, और इसी वजह से उनकी बुद्धि गधे जैसी हो गई है।
‘ग से गणेश’ बनाम ‘ग से गधा’: योगी का कटाक्ष
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने भाषण में कहा कि जब कल्याण सिंह की सरकार ने ‘ग से गणेश’ पढ़ाने की पहल की थी, तब सपा ने उसका विरोध करते हुए कहा था कि ‘ग से गधा’ होता है। उन्होंने कहा कि सपा की ऐसी शिक्षा नीति ने बच्चों की सोच को प्रभावित किया।
PDA पाठशाला: A for Akhilesh, D for Dimple?
योगी आदित्यनाथ ने PDA पाठशाला को समाजवादी पार्टी की वैचारिक प्रयोगशाला करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि वहां ‘A for Akhilesh’ और ‘D for Dimple’ पढ़ाया जा रहा है, जो बच्चों को राजनीतिक तौर पर गुमराह करने की कोशिश है। उन्होंने कहा कि सपा की यह पाठशाला बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है।
भारतीय जनता पार्टी ने बच्चों को संस्कारों के साथ जोड़कर 'ग से गणेश' पढ़ाया…
समाजवादी पार्टी ने 'ग से गधा' पढ़ाने का कार्य किया…
आज PDA के नाम पर ये क्या पढ़ा रहे हैं… pic.twitter.com/fuSfPpZhg3
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) August 6, 2025
“शिक्षा का राजनीतिक दुरुपयोग”: भूपेंद्र चौधरी का बयान
उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने सपा की पाठशाला को “सपा ब्रेनवॉश” कहा। उन्होंने कहा कि अगर सपा वाकई बच्चों की शिक्षा की चिंता करती तो उन्हें ‘A for Abdul Kalam’ और ‘D for Dr. Ambedkar’ सिखाया जाता। उन्होंने कहा कि राजनीति का इस्तेमाल बच्चों की शिक्षा में नहीं होना चाहिए।
अटल आवासीय विद्यालयों से योगी सरकार का जवाब
मुरादाबाद में सीएम योगी ने जिस अटल आवासीय विद्यालय का उद्घाटन किया, उसे आधुनिक शिक्षा प्रणाली का उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार शिक्षा के क्षेत्र में क्रांतिकारी परिवर्तन ला रही है। प्रदेश अब शिक्षा सूचकांक में 20वें स्थान से बढ़कर तीसरे स्थान पर आ चुका है।
निष्पक्ष शिक्षा बनाम राजनीतिक शिक्षा
योगी सरकार और समाजवादी पार्टी के बीच यह विवाद सिर्फ शब्दों की लड़ाई नहीं, बल्कि वैचारिक संघर्ष का प्रतीक है। एक ओर भाजपा बच्चों को धर्म, संस्कृति और आधुनिकता से जोड़ने की बात करती है, तो दूसरी ओर सपा पर आरोप है कि वह शिक्षा में अपनी विचारधारा थोप रही है।



