वैश्विक तनाव के बीच शेयर बाजार में गिरावट, सेंसेक्स-निफ्टी दबाव में
वैश्विक तनाव का बाजार पर असर रुपया मजबूत, लेकिन जोखिम बरकरार ट्रंप की चेतावनी से बढ़ी अनिश्चितता

Buisness: घरेलू शेयर बाजार ने सोमवार की शुरुआत कमजोरी के साथ की। सुबह 9:18 बजे BSE Sensex करीब 384 अंकों की गिरावट के साथ 72,935 के स्तर पर ट्रेड करता दिखा, जबकि NSE Nifty 50 भी 116 अंकों की गिरावट के साथ 22,596 के आसपास कारोबार करता नजर आया। वैश्विक स्तर पर बढ़ते तनाव, खासकर Donald Trump की ईरान को लेकर ताजा चेतावनी का असर बाजार पर साफ दिखा।
मिडकैप और स्मॉलकैप में हल्की कमजोरी
आज के कारोबार में मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में हल्की गिरावट देखने को मिली। दोनों इंडेक्स करीब 0.5% तक नीचे रहे। हालांकि सेक्टोरल स्तर पर मिश्रित रुख देखने को मिला। पीएसयू बैंक और मेटल शेयरों में मजबूती रही, जबकि ऑटो, बैंकिंग, आईटी और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर में भी हल्की बढ़त दर्ज की गई। दूसरी ओर ऑयल एंड गैस और फार्मा सेक्टर दबाव में नजर आए।
रुपया हुआ मजबूत
गिरते बाजार के बीच भारतीय मुद्रा ने मजबूती दिखाई। डॉलर के मुकाबले रुपया 33 पैसे मजबूत होकर 92.85 पर पहुंच गया। यह तेजी Reserve Bank of India के नए नियमों के बाद आई, जिसमें बैंकों की नेट ओपन पोजिशन की सीमा तय की गई है। हालांकि विदेशी निवेश की निकासी, डॉलर की मजबूती और बढ़ती कच्चे तेल की कीमतें अब भी रुपये पर दबाव बनाए हुए हैं।
एशियाई बाजारों में तेजी
जहां भारतीय बाजार दबाव में दिखे, वहीं एशियाई बाजारों में तेजी का माहौल रहा। जापान का निक्केई 225 करीब 1.1% चढ़ा, जबकि दक्षिण कोरिया का कोस्पी 1.5% तक मजबूत हुआ। हालांकि कुछ बाजार छुट्टियों के कारण बंद रहे। निवेशकों की नजर फिलहाल वैश्विक घटनाक्रम और तेल की कीमतों पर टिकी हुई है।
ट्रंप की चेतावनी से बढ़ी चिंता
ईरान को लेकर ट्रंप द्वारा दी गई समय सीमा अब नजदीक है, जिससे बाजार में अनिश्चितता बढ़ गई है। विश्लेषकों का मानना है कि अगर हालात और बिगड़ते हैं, तो इसका असर वैश्विक बाजारों पर और गहरा हो सकता है। हाल ही में अमेरिका ने अपने दो पायलटों को ईरान से सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे हालात की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।



