मेरठ को बड़ी सौगात: 22 फरवरी को पीएम मोदी दिखाएंगे मेरठ मेट्रो और नमो भारत कॉरिडोर को हरी झंडी
मेरठ को 22 फरवरी को मिलेगी मेट्रो की सौगात पीएम मोदी दिखाएंगे नमो भारत और मेरठ मेट्रो को हरी झंडी 120 किमी रफ्तार से दौड़ेगी, हर 7 मिनट में मिलेगी ट्रेन

Up news: मेरठ शहर के लिए 22 फरवरी ऐतिहासिक दिन साबित होने जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली–मेरठ नमो भारत कॉरिडोर के शेष हिस्से और मेरठ मेट्रो को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। करीब सात साल के इंतजार के बाद मेरठ मेट्रो की शुरुआत होने जा रही है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) ने साल 2019 में इस प्रोजेक्ट पर काम शुरू किया था। अब 23 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर पर मेट्रो सेवाएं शुरू होने के लिए तैयार हैं।
23 किमी ट्रैक पर 13 स्टेशन, नमो भारत से सीधा कनेक्शन
मोदीपुरम डिपो से मेरठ साउथ तक चलने वाली इस मेट्रो लाइन पर कुल 13 स्टेशन बनाए गए हैं। ये स्टेशन हैं: मोदीपुरम डिपो, मोदीपुरम, मेरठ उत्तर, दौरली, एमईएस कॉलोनी, बेगमपुल, भैंसाली, मेरठ सेंट्रल, ब्रह्मपुरी, शताब्दी नगर, रिठानी, परतापुर और मेरठ साउथ। इस मेट्रो की सबसे खास बात यह है कि यह नमो भारत के ट्रैक पर ही चलेगी। मोदीपुरम, बेगमपुल, शताब्दी नगर और मेरठ साउथ स्टेशनों पर नमो भारत से सीधा इंटरचेंज मिलेगा। हालांकि दोनों के प्लेटफॉर्म अलग-अलग होंगे। जो यात्री मोदीपुरम से सीधे दिल्ली जाना चाहते हैं, वे मेरठ साउथ पर उतरकर नमो भारत ट्रेन पकड़ सकेंगे।
क्या होगी रफ्तार और टाइमिंग?
मेरठ मेट्रो 120 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ेगी। एक ट्रेन में करीब 700 यात्री सफर कर सकेंगे। हर 7 मिनट में मेट्रो उपलब्ध रहेगी, जिससे यात्रियों को ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।समय की बात करें तो: सोमवार से शनिवार: सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक, रविवार: सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक, सभी स्टेशनों पर पीने के पानी, शौचालय और दिव्यांग यात्रियों के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
यूपी का छठा मेट्रो शहर बनेगा मेरठ
मेट्रो सेवा शुरू होते ही मेरठ, उत्तर प्रदेश का छठा मेट्रो शहर बन जाएगा। इससे पहले लखनऊ, कानपुर, आगरा, नोएडा और गाजियाबाद में मेट्रो सेवाएं संचालित हो रही हैं। मेरठ मेट्रो का यह पहला चरण है। दूसरे चरण में 13 किलोमीटर के अतिरिक्त सेक्शन पर काम शुरू किया जाएगा। शहर के लोगों को उम्मीद है कि इस नई सुविधा से यातायात आसान होगा और दिल्ली-एनसीआर से कनेक्टिविटी और मजबूत बनेगी।



