दिल्ली धमाके पर पड़ोसी देशों का शोक, बांग्लादेश की खामोशी पर उठे सवाल
लाल किले के पास हुए भीषण धमाके पर श्रीलंका, नेपाल और मालदीव ने जताया दुख, आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता की अपील। पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के अपदस्थ होने के बाद से बिगड़े भारत-बांग्लादेश संबंधों के बीच ढाका की चुप्पी बनी रहस्य।

कोलंबो/काठमांडू: राजधानी दिल्ली में सोमवार को लाल किले के पास हुए भीषण ब्लास्ट और इसमें मारे गए लोगों के प्रति चीन के बाद श्रीलंका, मालदीव और नेपाल ने भी गहरा शोक प्रकट किया है। इन सभी देशों ने ब्लास्ट में मारे गए लोगों के परिवारजनों के प्रति गहरी शोक संवेदना जाहिर की है और घायलों के स्वस्थ होने की अपील भी की है। मगर पड़ोसी बांग्लादेश चुप है। बता दें कि भारत और बांग्लादेश के रिश्ते अगस्त 2024 में पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के अपदस्थ होने के बाद से ही तनावपूर्ण चल रहे हैं।
लश्कर कमांडर सैफुल्लाह ने बांग्लादेश के रास्ते दी थी भारत में हमले की धमकी
बांग्लादेश की चुप्पी इसलिए भी सवालों के घेरे में है कि लश्कर कमांडर और हाफिज सईद के करीबी आतंकी सैफुल्लाह ने बीते 30 अक्टूबर को ही बांग्लादेश के रास्ते भारत में हमले की खुली धमकी दी थी। सैफुल्लाह ने यह भी दावा किया था कि हाफिज सईद का एक करीबी सहयोगी बांग्लादेश (जिसे इस्लामाबाद पूर्वी पाकिस्तान भी कहता है) में भारत में हमले की योजना बना रहा है। सैफुल्लाह ने भीड़ को ललकारते हुए जिहाद में शामिल होने और भारत को जवाब देने के लिए प्रेरित किया था।
पड़ोसी देशों ने व्यक्त किया दुख
बता दें कि दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास सोमवार की शाम धीमी गति से चल रही एक कार में यह शक्तिशाली विस्फोट हुआ था, जिसमें अब तक 12 लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि दर्जनों लोग घायल हुए हैं। इस घटना को लेकर श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमार दिसानायके ने सोशल मीडिया पर लिखा, “दिल्ली में कल रात हुए विस्फोट की खबर से गहरा दुख हुआ। श्रीलंका भारत के लोगों के साथ एकजुटता से खड़ा है। हमारी संवेदनाएं सभी प्रभावितों के साथ हैं।”
मालदीव-नेपाल ने कहा-हम भारत के साथ खड़े हैं
मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा कि उन्हें विस्फोट में लोगों की मौत पर गहरा दुख हुआ है। उन्होंने ‘एक्स’ पर लिखा, “हम शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी हार्दिक संवेदनाएं व्यक्त करते हैं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं। मालदीव इस कठिन समय में भारत के लोगों और सरकार के साथ खड़ा है।” नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने शोक व्यक्त करते हुए कहा, “मैं शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त करती हूं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं। नेपाल दुख की इस घड़ी में भारत के साथ एकजुट है।”
श्रीलंका ने कहा-आतंकवाद के खिलाफ होना चाहिए एकजुट
श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके के अलावा विदेश मंत्री विजिता हेराथ ने भी भारत के साथ एकजुटता व्यक्त की। उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा, “दिल्ली में कल रात हुए विस्फोट से गहरा दुख हुआ। श्रीलंका भारत के लोगों के साथ एकजुटता में खड़ा है। हमारी संवेदनाएं सभी प्रभावितों के साथ हैं।” श्रीलंका में नेता प्रतिपक्ष सजित प्रेमदास ने भी इस घटना पर शोक व्यक्त किया और कहा कि सभी को “आतंकवाद के इस जघन्य दुष्प्रभाव को समाप्त करने के लिए एकजुट होना चाहिए।”



