इजरायल का दावा: अली लारीजानी मारे गए, ईरान ने कहा- जल्द आएगा वीडियो संदेश
ईरान के बड़े नेता अली लारीजानी की मौत का इजरायल ने किया दावा लारीजानी के ऑफिस ने कहा- जल्द आएगा वीडियो संदेश मिडिल ईस्ट में बढ़ा तनाव, दावों पर अभी भी सस्पेंस

Iran crisis: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच इजरायल ने बड़ा दावा किया है। इजरायल के मुताबिक, ईरान की सुरक्षा रणनीति का नेतृत्व करने वाले और संघर्ष के दौरान तेहरान का प्रमुख चेहरा रहे अली लारीजानी इजरायली हमलों में मारे गए हैं। हालांकि, इस दावे के तुरंत बाद लारीजानी के ऑफिस ने इसे खारिज करते हुए कहा कि जल्द ही उनका वीडियो संदेश जारी किया जाएगा।इजरायल के रक्षा मंत्री इसराइल काट्ज़ ने मंगलवार को कहा कि लारीजानी की मौत से ईरानी नेतृत्व और कमजोर हो गया है। उन्होंने यह भी दावा किया कि हमलों के शुरुआती दिनों में ही ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो चुकी है, जबकि उनके उत्तराधिकारी मुज्तबा खामेनेई गंभीर रूप से घायल हैं और कोमा में बताए जा रहे हैं। इसके अलावा, एक अन्य वरिष्ठ कमांडर गुलामरेज़ा सुलेमानी के भी इजरायली एयरस्ट्राइक में मारे जाने की बात कही गई है। हालांकि, इन सभी दावों की अभी तक स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।
एपस्टीन नेटवर्क को लेकर दी थी चेतावनी
अली लारीजानी हाल के दिनों में ईरान की सत्ता में बेहद अहम भूमिका निभा रहे थे। मुज्तबा खामेनेई की खराब हालत के बीच उन्हें देश का दूसरा सबसे प्रभावशाली नेता माना जा रहा था और वे अंतरिम परिषद के साथ मिलकर देश को संभाल रहे थे।दिलचस्प बात यह है कि लारीजानी ने एक दिन पहले ही यौन अपराधी जेफरी एपस्टीन के नेटवर्क को लेकर बड़ा बयान दिया था। उन्होंने चेतावनी दी थी कि इस नेटवर्क के कुछ लोग ईरान को फंसाने के लिए 9/11 जैसी साजिश रच सकते हैं।
अमेरिका ने रखा था इनाम
लारीजानी इससे पहले अमेरिका के साथ परमाणु वार्ताओं का भी नेतृत्व कर चुके थे और खामेनेई के बेहद करीबी माने जाते थे। उन्हें आखिरी बार 13 मार्च को तेहरान में एक रैली के दौरान देखा गया था, जहां ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन भी मौजूद थे। उसी दिन अमेरिका ने लारीजानी समेत कई वरिष्ठ ईरानी अधिकारियों के बारे में जानकारी देने वाले के लिए 10 मिलियन डॉलर (करीब 92 करोड़ रुपये) का इनाम घोषित किया था। लारीजानी को अयातुल्ला खामेनेई के बाद ईरान का सबसे वरिष्ठ नेता माना जाता है, जिनकी हत्या 28 फरवरी को संघर्ष के पहले ही दिन किए जाने का दावा किया गया था। फिलहाल, इजरायल के इन सभी दावों पर सस्पेंस बना हुआ है।



