तिरुपति दान में उछाल, TTD को 11 महीने में मिलो 918.6 करोड़ रुपये, 579.38 करोड़ ऑनलाइन


तिरुपति देवस्थानम को 11 महीनों में 918.6 करोड़ रुपये का दान मिला, जिसमें 579.38 करोड़ ऑनलाइन थे। सबसे अधिक चंदा एसवी अन्नदानम ट्रस्ट को मिला, जबकि अन्य ट्रस्टों को भी करोड़ों की राशि प्राप्त हुई।

तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) को नवंबर 2024 से अक्टूबर 2025 तक लगभग 918.6 करोड़ रुपये का दान मिला है। यह दान विभिन्न ट्रस्टों के माध्यम से आया। सबसे अधिक चंदा श्री वेंकटेश्वर (एसवी) अन्नदानम ट्रस्ट को मिला, जिसकी राशि लगभग 339 करोड़ रुपये रही।

अन्य ट्रस्टों को भी मिला महत्वपूर्ण योगदान

एसवी अन्नदानम के बाद, श्रीवाणी ट्रस्ट को 252 करोड़ रुपये और श्री बालाजी आरोग्य वरप्रसादिनी योजना को लगभग 98 करोड़ रुपये का दान मिला। टीटीडी के अध्यक्ष बीआर नायडू ने बताया कि उनके कार्यभार संभालने के बाद ट्रस्टों को मिलने वाले चंदे में लगातार वृद्धि हुई है।

ऑनलाइन और ऑफलाइन योगदान का विवरण

टीटीडी को कुल दान में से 579.38 करोड़ रुपये ऑनलाइन और 339.20 करोड़ रुपये ऑफलाइन माध्यम से प्राप्त हुए। इसके अतिरिक्त, एसवी प्राणदान ट्रस्ट को लगभग 67 करोड़ रुपये, एसवी गोसंरक्षण ट्रस्ट को 56 करोड़ रुपये से अधिक और एसवी विद्यादानम ट्रस्ट को 33.47 करोड़ रुपये का दान मिला।

टीटीडी की ट्रस्ट प्रणाली और विकास

टीटीडी, आंध्र प्रदेश के प्रसिद्ध वेंकटेश्वर मंदिर का प्रबंधन करता है। ट्रस्टों के माध्यम से चंदा जुटाने की प्रणाली के कारण दान में स्थिर और निरंतर वृद्धि देखी जा रही है। अध्यक्ष बीआर नायडू ने यह भी बताया कि ऑनलाइन माध्यम से योगदान में तेजी आई है, जो समकालीन भक्तों की डिजिटल भागीदारी को दर्शाता है।

टीटीडी के ये आंकड़े मंदिर प्रबंधन की पारदर्शिता और भक्तों की उदारता को भी उजागर करते हैं।

Related Articles

Back to top button