राजस्थान में SDM और कर्मचारी में भिड़ंत, CNG पंप पर थप्पड़बाजी का वीडियो वायरल
भीलवाड़ा में सीएनजी पंप पर एसडीएम छोटू लाल शर्मा और कर्मचारी के बीच हाथापाई का वीडियो वायरल हो गया। दोनों ने एक-दूसरे को थप्पड़ मारे। पुलिस ने तीन कर्मचारियों को हिरासत में लिया है और मामले की जांच जारी है।

भीलवाड़ा: राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में मंगलवार रात एक सीएनजी पंप पर हुए विवाद ने प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है। प्रतापगढ़ के एसडीएम और मांडल के पूर्व एसडीएम छोटू लाल शर्मा ने जसवंतपुरा स्थित सीएनजी पंप पर एक कर्मचारी को थप्पड़ मार दिया। जवाब में कर्मचारी ने भी पलटवार करते हुए एसडीएम को थप्पड़ जड़ दिया। यह पूरा वाकया पंप के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
बातचीत से शुरू हुआ विवाद, पहुंचा मारपीट तक
सूत्रों के अनुसार, मंगलवार देर रात एसडीएम छोटू लाल शर्मा वाहन में गैस भरवाने पहुंचे थे। इस दौरान किसी मुद्दे को लेकर उनका पंप कर्मचारियों से विवाद हो गया। बात बढ़ते–बढ़ते गरमागरमी और हाथापाई तक पहुंची। फुटेज में साफ दिखता है कि पहले एसडीएम ने कर्मचारी को थप्पड़ मारा, जिसके बाद मौके पर मौजूद दूसरे कर्मचारी ने भी एसडीएम पर हाथ उठा दिया। वहां मौजूद लोगों ने बीच–बचाव किया, लेकिन तब तक वीडियो बन चुका था।
तीन कर्मचारी हिरासत में, पुलिस जांच जारी
घटना की जानकारी मिलते ही रायला थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से पूछताछ की। फिलहाल पुलिस ने पंप के तीन कर्मचारियों — दीपक माली, प्रभुलाल कुमावत और राजा शर्मा — को हिरासत में लिया है। सीसीटीवी फुटेज की जांच जारी है और मारपीट के कारणों की तहकीकात की जा रही है। पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों की भूमिका की जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।
भीलवाड़ा के जसवंतपुरा में एसडीएम छोटू लाल शर्मा ने पेट्रोल पंप कर्मचारी को थप्पड़ मारा, जवाब में कर्मचारी ने भी पलटवार किया। वायरल हुआ #CCTV फुटेज, पुलिस ने तीन कर्मचारियों को गिरफ्तार किया। #भीलवाड़ा #SDMControversy #राजस्थानसमाचार #ViralVideo #BreakingNews pic.twitter.com/UVoKxTHLlP
— राजस्थानी पत्रकार (@RajasthanJourno) October 22, 2025
विवादों में घिरे रहे हैं SDM छोटू लाल शर्मा
आरएएस अधिकारी छोटू लाल शर्मा का विवादों से पुराना नाता रहा है। इससे पहले भी उनके खिलाफ अनुशासनहीनता और अभद्र व्यवहार की शिकायतें दर्ज हो चुकी हैं। अब यह नया विवाद एक बार फिर उन्हें सुर्खियों में ले आया है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, विभागीय स्तर पर इस घटना की रिपोर्ट मांगी जा सकती है।



