संभल में जामा मस्जिद से सटे कब्रिस्तान की जमीन की पैमाइश, भारी पुलिस बल तैनात
जामा मस्जिद से सटे कब्रिस्तान की 8 बीघा जमीन की पैमाइश शुरू, राजस्व विभाग मौके पर अवैध मकान-दुकानों के आरोप, इलाके में भारी पुलिस बल और ड्रोन से निगरानी कब्जा साबित होने पर बुलडोजर कार्रवाई के संकेत, प्रशासन अलर्ट मोड में

Uttar Pradesh: संभल में विवादित जामा मस्जिद से सटे कब्रिस्तान की जमीन की पैमाइश शुरू कर दी गई है। करीब 8 बीघा कब्रिस्तान भूमि की नपाई राजस्व विभाग द्वारा की जा रही है। मौके पर भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है और पूरे इलाके की ड्रोन से निगरानी की जा रही है। प्रशासन को शिकायत मिली थी कि कब्रिस्तान की जमीन पर अवैध रूप से मकान और दुकानें बना ली गई हैं। इसी शिकायत के आधार पर जिलाधिकारी के निर्देश पर एक बड़ी प्रशासनिक टीम गठित की गई है। इस टीम में तहसीलदार की अगुवाई में 4 कानूनगो और 22 लेखपाल शामिल हैं, जो मौके पर जमीन की पैमाइश कर रहे हैं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस-प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। इलाके में PAC, RAF और RRF की तैनाती की गई है। किसी भी तरह की अफवाह या असामाजिक गतिविधि पर नजर रखने के लिए ड्रोन कैमरे और CCTV के जरिए लगातार निगरानी की जा रही है।
क्या है शिकायतकर्ता का दावा?
शिकायतकर्ता का कहना है कि इस कब्रिस्तान की जमीन का संबंध वर्ष 2024 में हुई हिंसा से है। आरोप है कि कब्रिस्तान की जमीन पर बने अवैध मकानों और दुकानों से पुलिस पर पथराव और फायरिंग की गई थी।
एसपी संभल ने दी जानकारी
संभल के एसपी ने बताया कि हरिहर मंदिर/जामा मस्जिद के पास स्थित यह इलाका कब्रिस्तान की भूमि है, जिसकी जांच के लिए प्रशासनिक टीम बनाई गई है। मौके पर जिले के 8 पुलिस स्टेशनों की फोर्स तैनात है। इसके अलावा 5 इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारी, PAC, RRF, LIU की टीम और स्थानीय पुलिस मौजूद है। एसपी के मुताबिक, स्थानीय लोगों से लगातार बातचीत की जा रही है और उन्हें पूरी स्थिति से अवगत कराया गया है। सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर नजर रखने के लिए विशेष टीमें सक्रिय हैं और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
अवैध निर्माण पर चल सकता है बुलडोजर
संभल के तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि यह जमीन जामा मस्जिद के पास स्थित कब्रिस्तान की है। करीब 10,000 वर्ग मीटर क्षेत्रफल वाली इस जमीन पर वर्ष 2005 से अवैध कब्जे की शिकायतें हैं। फिलहाल 20 टीमें पैमाइश में लगी हैं। यदि अवैध कब्जा पाया जाता है, तो नियमानुसार कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलाया जाएगा।



