बड़ी खबर: महिला पुलिस इंस्पेक्टर के भाई का किडनैप, पुलिस पर ही लगे आरोप.. CCTV फुटेज ने दिया सबूत !

पटना में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। ठेकेदार और बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग (BPSC) में पदस्थ इंस्पेक्टर कंचन कुमारी के छोटे भाई आनंद कुमार उर्फ मंटू आनंद 5 अगस्त की रात से लापता हैं। परिवार का कहना है कि वह रात को घर से निकले थे, लेकिन अब तक वापस नहीं लौटे। इस घटना ने न केवल उनके परिजनों, बल्कि पूरे इलाके में चिंता और आशंका का माहौल पैदा कर दिया है।


आखिरी बार बड़ी पहाड़ी इलाके में देखे गए

कंचन कुमारी के अनुसार, आनंद रात 8:40 बजे दीघा में अपने बिजनेस पार्टनर के घर से खाना खाकर निकले। 9:32 बजे वह बड़ी पहाड़ी इलाके में अपने ड्राइवर के साथ पहुंचे और 9:44 बजे ड्राइवर संजय को गाड़ी लेकर आने के लिए कहा। इसके बाद से उनका मोबाइल फोन स्विच ऑफ हो गया।


पुलिस पर गंभीर लापरवाही के आरोप

महिला कोषांग की कोऑर्डिनेटर शिल्पी कुमारी ने अगमकुआं थाना प्रभारी नीरज कुमार पांडे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि सूचना मिलने के बावजूद थाना प्रभारी ने तीन दिन तक घटनास्थल का निरीक्षण नहीं किया। वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित करने के बाद ही सीसीटीवी फुटेज खंगाला गया।


परिवार में गहरा आक्रोश, अपहरण की आशंका

परिवार ने साफ कहा है कि उन्हें आनंद के अपहरण की आशंका है। आनंद तीन बहनों और दो भाइयों में सबसे छोटे हैं। माता-पिता के निधन के बाद सभी भाई-बहनों ने मिलकर उन्हें पाला-पोसा। दिसंबर में उनकी शादी होने वाली थी। वह सखी वन जिला प्रशासन कार्यालय में वाहन कोऑर्डिनेटर के पद पर कार्यरत हैं।

परिजनों का कहना है कि अगर पुलिस ने समय पर डॉग स्क्वॉड और अन्य संसाधनों का इस्तेमाल किया होता, तो शायद अब तक आनंद का पता चल जाता। सबसे हैरानी की बात यह है कि यह मामला एक पुलिस इंस्पेक्टर के भाई का है, फिर भी शुरुआती कार्रवाई बेहद सुस्त रही।


पुलिस कर रही है सीसीटीवी और पूछताछ

थाना प्रभारी नीरज कुमार पांडे ने बताया कि कई लोगों से पूछताछ की गई है। एक सीसीटीवी फुटेज में आनंद को जाते हुए देखा गया है, लेकिन आगे का लोकेशन नहीं मिल पाया। पुलिस लगातार खोजबीन कर रही है, लेकिन अब तक कोई सुराग हाथ नहीं लगा है।

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