Viral Video Fact Check: यूपी में स्कूली छात्रा की स्कर्ट उठाकर वीडियो बनाया ? घटना CCTV में कैद..

हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक व्यक्ति स्कूली ड्रेस में जा रही एक छात्रा के साथ बेहद अश्लील हरकत करते हुए दिख रहा है। वीडियो में दिख रहा है कि आरोपी पीछे से आकर छात्रा की स्कर्ट उठाता है और प्राइवेट पार्ट्स की वीडियो बनाता है, फिर भाग जाता है। यह घटना CCTV में रिकॉर्ड है, जिसे देखकर सोशल मीडिया यूज़र्स गुस्से में हैं और आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग कर रहे हैं।
वीडियो को लेकर दावा – मामला उत्तर प्रदेश का है
सोशल मीडिया पर कई यूज़र्स इस वीडियो को उत्तर प्रदेश का बता रहे हैं और “@Uppolice” को टैग करके कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। कुछ पोस्ट्स में तो यह भी कहा जा रहा है कि अगर ऐसे अपराधों पर कार्रवाई नहीं हुई तो यह यूपी की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करेगा।
विवाद के बीच सामने आया सच्चाई का दूसरा पक्ष
इसी वायरल वीडियो को लेकर कुछ सोशल मीडिया यूज़र्स और फैक्ट चेकिंग प्लेटफॉर्म्स ने दावा किया है कि वीडियो उत्तर प्रदेश का नहीं है, बल्कि यह एक पुराना वीडियो है जो मेघालय का है। वीडियो में दिख रहा व्यक्ति कथित तौर पर हिमान गोगोई (Himan Gogoi) है, जिसे 28 मई 2025 को शिलॉन्ग, मेघालय में POCSO एक्ट के तहत गिरफ्तार किया जा चुका है।
Grok AI ने भी किया पुष्टि: वीडियो पुराना और मेघालय का
ट्विटर पर सक्रिय AI आधारित फैक्ट चेकिंग प्लेटफॉर्म Grok AI ने भी इस वीडियो के बारे में अपनी प्रतिक्रिया दी है। उसके अनुसार:
“हाँ, ये हैवान (Himan Gogoi) 28 मई 2025 को शिलॉन्ग, मेघालय में पकड़ा गया था। वीडियो पुराना है और यूपी का नहीं — गलत जानकारी फैलाई जा रही है। पुलिस ने POCSO के तहत गिरफ्तार किया था।”
झूठी जानकारी फैलाने वालों पर कार्रवाई की मांग
कई यूज़र्स इस बात से नाराज़ हैं कि उत्तर प्रदेश को बदनाम करने के लिए पुराने और दूसरे राज्य के वीडियो को इस्तेमाल किया जा रहा है। “@Uppolice” को टैग कर उन्हें झूठी जानकारी फैलाने वालों पर साइबर क्राइम के तहत कार्रवाई करने की मांग की जा रही है।
इस तरह की हरकतों पर कोई माफ़ी नहीं
भले ही यह वीडियो किसी भी राज्य का हो और किसी भी समय का हो, लेकिन इस तरह की घृणित हरकत किसी भी सभ्य समाज के लिए स्वीकार्य नहीं है। स्कूली बच्चियों की सुरक्षा हर राज्य की प्राथमिक जिम्मेदारी है। ऐसे अपराधियों को POCSO जैसे सख्त कानूनों के तहत जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए।
सतर्क रहें, तथ्य जांचें, कानून पर भरोसा रखें
- वायरल वीडियो में दिखाई गई हरकत बेहद निंदनीय है।
- वीडियो के उत्तर प्रदेश से संबंधित होने का कोई पुष्ट प्रमाण सामने नहीं आया है।
- आरोपी हिमान गोगोई को पहले ही मेघालय में गिरफ्तार किया जा चुका है।
- गलत जानकारी फैलाना न केवल राज्य की छवि को नुकसान पहुंचाता है बल्कि समाज में गुमराह करने वाला माहौल भी बनाता है।
- तथ्य आधारित जानकारी साझा करें, अफवाहों से बचें और जिम्मेदार नागरिक की तरह व्यवहार करें।



