पंजाब में नशे को लेकर केजरीवाल का अमित शाह पर हमला, माफी मांगने की उठाई मांग
केजरीवाल बोले भाजपा-अकाली राज में फैला नशा, अब क्यों नशा मुक्त की बात पंजाब में नशा तस्करों पर सख्ती, भगवंत मान सरकार का बड़ा दावा गुजरात मॉडल पर भी सवाल, मुंद्रा पोर्ट ड्रग केस का उठाया मुद्दा

नई दिल्ली, 29 मार्च 2026
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से पंजाब के घर-घर में नशा पहुंचाने के लिए लोगों से माफी मांगने की मांग की है। उन्होंने कहा कि भाजपा और अकाली दल की सरकार ने ही पंजाब में नशे को बढ़ावा दिया था, और आज उसी पर नशा मुक्त पंजाब की बात करना सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा कि भगवंत मान की सरकार अब नशे के दोषियों को जेल भेज रही है और सख्ती से कार्रवाई कर रही है।
अमित शाह के बयान पर पलटवार
रविवार को अरविंद केजरीवाल ने अमित शाह के नशा मुक्त पंजाब वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें पहले पंजाब के लोगों से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा-अकाली दल के शासनकाल में ड्रग तस्करों को संरक्षण मिला और नशे का नेटवर्क पूरे राज्य में फैलाया गया।
नशा तस्करों पर कार्रवाई का दावा
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अब उस दौर के दोषी मंत्रियों पर कार्रवाई हो रही है और उन्हें उनके अपराधों की सजा मिल रही है। उन्होंने दावा किया कि सख्ती के कारण बड़े नशा कारोबारी पंजाब छोड़कर भागने को मजबूर हुए हैं।
गुजरात मॉडल पर उठाए सवाल
अरविंद केजरीवाल ने अमित शाह से सवाल किया कि अगर उन्हें नशे की इतनी चिंता है, तो पहले गुजरात में कार्रवाई क्यों नहीं होती। उन्होंने मुंद्रा पोर्ट पर बड़ी मात्रा में ड्रग्स पकड़े जाने और कथित अनियमितताओं का जिक्र करते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा।
CAG रिपोर्ट और पुलिस पर सवाल
उन्होंने कहा कि CAG रिपोर्ट के मुताबिक गुजरात में पुलिस कस्टडी से बड़ी मात्रा में ड्रग्स गायब हो गई, जिसे लेकर गंभीर सवाल उठते हैं। उन्होंने इसे प्रशासनिक विफलता बताते हुए कहा कि इससे कई परिवारों पर बुरा असर पड़ा है।
पंजाब सरकार के समर्थन में बयान
अंत में अरविंद केजरीवाल ने अमित शाह को सलाह दी कि पहले गुजरात की स्थिति संभालें, उसके बाद पंजाब की बात करें। उन्होंने कहा कि भगवंत मान सरकार जनता के साथ मिलकर नशे के खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ रही है।



