बड़ी खबर: स्विमिंग पूल में तैरती मिली इंस्पेक्टर की लाश, CCTV खंगाले जा रहे.. कस्टोडियल डेथ में हुए थे निलंबित!

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। क्राइम ब्रांच में तैनात इंस्पेक्टर अश्विनी चतुर्वेदी की शुक्रवार सुबह संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनका शव 35वीं बटालियन परिसर स्थित स्विमिंग पूल से बरामद हुआ। मौत का कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सका है, लेकिन पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

सुबह नहाने गए थे, वापस नहीं लौटे

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इंस्पेक्टर अश्विनी चतुर्वेदी शुक्रवार सुबह करीब 8 बजे स्विमिंग ड्रेस पहनकर पूल में नहाने गए थे। काफी देर तक जब वह वापस नहीं लौटे तो परिजन और सहकर्मी चिंतित हो उठे। खोजबीन के दौरान उनका शव पानी में तैरता हुआ मिला। यह दृश्य देखकर सभी हैरान रह गए।

मौके पर मचा हड़कंप, SDRF ने निकाला शव

घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस कमिश्नर सहित कई वरिष्ठ अधिकारी पहुंच गए। इसके बाद SDRF टीम को बुलाया गया, जिसने शव को पूल से बाहर निकाला। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। फिलहाल मौत को संदिग्ध मानते हुए पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।

निलंबन और विवादों से भी रहे जुड़े

अश्विनी चतुर्वेदी का नाम पहले भी विवादों में आ चुका है। जानकारी के अनुसार, वह कुछ समय पहले चिनहट थाने में तैनात थे, लेकिन एक कस्टोडियल डेथ केस सामने आने के बाद उन्हें वहां से हटा दिया गया था। बाद में उनकी तैनाती क्राइम ब्रांच में हुई। इस पुराने विवाद के कारण उनकी अचानक हुई मौत को लेकर और भी सवाल खड़े हो गए हैं।

सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस

पुलिस ने घटना की गंभीरता को देखते हुए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर पूल में इंस्पेक्टर की डूबकर मौत कैसे हुई। प्रारंभिक रिपोर्ट्स में इसे महज एक दुर्घटना बताया जा रहा है, लेकिन फिलहाल किसी भी संभावना से इनकार नहीं किया गया है।

संभावित कारणों पर उठे सवाल

इस हादसे को लेकर कई तरह की चर्चाएं हैं।

  • संभव है कि अश्विनी चतुर्वेदी को नहाते वक्त दिल का दौरा पड़ा हो।

  • चक्कर आने जैसी स्वास्थ्य समस्या भी वजह हो सकती है।

  • वहीं, विवादित इतिहास के चलते बाहरी हस्तक्षेप की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता।
    पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तविक कारण साफ हो पाएगा।

परिवार और विभाग में शोक की लहर

इस घटना से पुलिस विभाग और परिजनों में शोक की लहर है। सहकर्मियों का कहना है कि अश्विनी मेहनती और सक्रिय अधिकारी थे। विभागीय सूत्रों का कहना है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष होगी और सच्चाई सामने लाकर ही चैन मिलेगा।

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