बड़ी खबर: “Abhi picture baki hai”, पूर्व सेना प्रमुख की पोस्ट से पाकिस्तान में मातम.. अभी और होंगे हमले

नई दिल्ली, 7 मई 2025 — भारतीय सशस्त्र बलों द्वारा पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में आतंकवादी ठिकानों पर किए गए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद, पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे ने सोशल मीडिया पर एक महत्वपूर्ण संदेश साझा किया है। उन्होंने लिखा, “अभी तस्वीर बाकी है…”
ऑपरेशन सिंदूर: आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई
6 मई 2025 की रात को भारतीय वायुसेना ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान और PoK में स्थित नौ आतंकवादी ठिकानों पर सटीक हमले किए। इनमें बहावलपुर, मुरीदके, सियालकोट, कोटली और मुज़फ़्फ़राबाद जैसे स्थान शामिल थे, जो जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिज़्बुल मुजाहिदीन जैसे संगठनों के मुख्यालय माने जाते हैं। यह कार्रवाई 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई थी, जिसमें 26 निर्दोष नागरिकों की जान गई थी।
जनरल नरवणे का संदेश: “अभी तस्वीर बाकी है…”
ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के बाद, पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे ने सोशल मीडिया पर लिखा, “अभी तस्वीर बाकी है…”। उनका यह संदेश संकेत देता है कि भारत की यह कार्रवाई आतंकवाद के खिलाफ एक शुरुआत है, और यदि पाकिस्तान ने उकसावे की कोशिश की, तो भारत और भी कठोर कदम उठा सकता है।
Abhi picture baki hai…
— Manoj Naravane (@ManojNaravane) May 7, 2025
पाकिस्तान की प्रतिक्रिया और अंतरराष्ट्रीय चिंता
पाकिस्तान ने भारतीय हमलों को “युद्ध की कार्रवाई” करार दिया है और जवाबी कार्रवाई की धमकी दी है। हालांकि, भारत ने स्पष्ट किया है कि उसकी कार्रवाई केवल आतंकवादी ठिकानों के खिलाफ थी और किसी भी पाकिस्तानी सैन्य प्रतिष्ठान को निशाना नहीं बनाया गया। इस बीच, संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं ने दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है।
आगे की राह: भारत की सतर्कता और तैयारियां
भारत सरकार ने सभी सुरक्षा एजेंसियों को उच्च सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। गृह मंत्री अमित शाह ने अर्धसैनिक बलों के प्रमुखों को सभी छुट्टियां रद्द करने और जवानों को तत्काल ड्यूटी पर लौटने के आदेश दिए हैं। यह कदम पाकिस्तान की संभावित जवाबी कार्रवाई के मद्देनजर उठाया गया है।
आतंकवाद के खिलाफ भारत की दृढ़ प्रतिबद्धता
‘ऑपरेशन सिंदूर’ भारत की आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति का स्पष्ट संकेत है। जनरल नरवणे का संदेश दर्शाता है कि भारत किसी भी उकसावे का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार है। यह कार्रवाई न केवल आतंकवादियों को चेतावनी है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को भी भारत की दृढ़ता का संदेश देती है।