कानपुर हिंसा के मुख्य आरोपी जफर हयात के करीबी के अवैध इमारत पर चला बुलडोजर
कानपुर में हुई हिंसा के मामले में पुलिस-प्रशासन ने कार्रवाई करना शुरू कर दिया है. शनिवार को कानपुर हिंसा के मुख्य आरोपी हयात जफर हाशमी के करीबी मोहम्मद इश्तियाक के घर पर प्रशासन का बुलडोजर चला है.
कानपुर. कानपुर में हुई हिंसा के मामले में पुलिस-प्रशासन ने कार्रवाई करना शुरू कर दिया है. शनिवार को कानपुर हिंसा के मुख्य आरोपी हयात जफर हाशमी के करीबी मोहम्मद इश्तियाक के घर पर प्रशासन का बुलडोजर चला है. नगर निगम की टीम ने अतिक्रमण विरोधी अभियान चलकार स्वरूप नगर मोहम्मद इश्तियाक की अवैध इमारत पर बुलडोजर चला दिया. नगर निगम का कहना है कि नक्शे से ज्यादा निर्माण होने के कारण बिल्डिंग को तोड़ दिया गया. इससे पहले मुख्य आरोपी हयात जफर हाशमी को पुलिस ने लखनऊ के हजरतगंज से गिरफ्तार किया था.
संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल बढ़ाया गया
बता दे कि आरोपी जावेद अहमद का एक यूट्यूब चैनल जो लखनऊ के हजरतगंज है.सभी आरोपी इसी चैनल के ऑफिस में छुपे हुए थे, जिसके बाद यहां से मुख्य साजिशकर्ता हयात जफर हाशमी के अलावाजावेद अहमद खान, मोहम्मद राहिल और मो. सूफियान को गिरफ्तार किया गया था. वहीं कानपुर में जुमे की नमाज से पहले गुरुवार को ही धारा 144 लगा दी गई थी और पुलिस अलर्ट पर थी. शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए चप्पे-चप्पे पर पुलिस का पहरा नजर आया. इस दौरान पुलिस व प्रशासन के कई अधिकारी भी लगातार शहर की गश्त कर रहे थे. संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल को बढ़ाया गया था.
जानें पूरा मामला
कानपुर पुलिस ने 3 जून को कानपुर हिंसा के सिलसिले में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से जुड़े तीन लोगों को गिरफ्तार किया था. इसके साथ हिंसा के मामले में गिरफ्तार लोगों की कुल संख्या 54 हो गई है. गौरतलब है कि शुक्रवार (3 जून) की नमाज के बाद कानपुर के कुछ हिस्सों में हिंसा भड़क गई थी, क्योंकि दो समुदायों के सदस्यों ने एक टीवी बहस के दौरान भाजपा प्रवक्ता नूपुर शर्मा द्वारा पैगंबर मोहम्मद पर ‘अपमानजनक’ टिप्पणियां करने के विरोध में दुकानों को बंद करने के प्रयासों में ईंट-पत्थर और बम फेंके थे. करीब एक दर्जन से अधिक संदिग्ध अभी भी पुलिस हिरासत में हैं और उनकी भूमिका का पता लगाने के लिए उनसे गहन पूछताछ की जा रही है.



