Friday, May 14, 2021

अखिलेश ने पूछा सरकार से यह सवाल और कराई करोना की जांच

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समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण से भयावह हालात है। भाजपा सरकार ने पिछली घटनाओं से कोई सबक नहीं सीखा, उसी अक्षम्य लापरवाही का नतीजा है कि सब तरफ अफरा-तफरी मची हुई है। भाजपा सरकार ने अपनी वाहवाही के मेडल बटोरने में ही पूरा साल गुजार दिया। अखिलेश यादव ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि कोरोना के दूसरे लहर के दौर में उत्तर प्रदेश में न पर्याप्त दवाइयां मिल रही है, न हीं ट्रैकिंग और टेस्टिंग की सुचारू व्यवस्था है। जांच रिपोर्टें 24 घंटे के बजाय 7 दिन में मिल रही है।

बचाव के तौर-तरीकों पर भी भ्रम की स्थिति है। सरकारी अक्षमताओं के चलते कोरोना अवधि में श्रमिकों के पलायन की खबरें भी आने लगी है। कल-कारखानों के बंद होने से अर्थव्यवस्था का बुरी तरह प्रभावित होना निश्चित है। आज भी व्यापार-रोजगार की दशा ठीक नहीं है। शैक्षिक संस्थाओं की बंदी से शैक्षणिक गतिविधियां ठप चल रही हैं और पूरा एक वर्ष व्यर्थ चला गया है। इन हालातों के लिए भाजपा सरकार ही दोषी है जो जनता की मूल समस्याओं से मुंह चुराते हुए इवेंट मैनेजमेंट में ही लगी रहती है। आसन्न संकट के प्रति उसमें जरा भी संवेदना और गम्भीरता नहीं है।

उप्र में कोरोना से जो हाहाकार मचा है उसके लिए भाजपा सरकार को जवाब देना होगा कि उसने कोरोना पर नियंत्रण पाने का झूठा ढिंढोरा क्यों पीटा। टीका, टेस्ट, डॉक्टर, बेड, एंबुलेंस की कमी; टेस्ट रिपोर्ट में देरी व दवाई की कालाबाज़ारी पर भाजपा सरकार चुप क्यों है।

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